तेज़, किफ़ायती और हर वक़्त चौकन्ना, चूहा चक्र की शुरुआत करता है और किसी और की नज़र उठने से पहले ही मौक़े की दरार पकड़ लेता है।
बारह पशुओं की कतार चूहे से शुरू होती है, इसलिए पूरा चक्र ही तेज़ दिमाग़ और मौक़े पर टिकी नज़र के साथ खुलता है। एक बात पहले साफ़ कर लीजिए: चीनी वर्ष 1 जनवरी को नहीं बदलता। वह चंद्र नववर्ष के साथ बदलता है, जो जनवरी के आख़िर और फ़रवरी के मध्य के बीच कभी भी पड़ सकता है, और उस तारीख़ से पहले का जन्मदिन अब भी चूहे से पिछले पशु का ही रहता है।
चूहा जल तत्व का पशु है और उसका मौसम कड़ाके की सर्दी है, जो इस मिज़ाज पर पूरी तरह बैठता है। आप बिना शोर के चलते हैं, पहले देखते हैं, और अपनी योजना तब तक किसी को नहीं बताते जब तक वह चलने न लग जाए। छोटा रास्ता किसे दिखता है, सस्ता सौदा कौन पकड़ता है, मेज़ पर कौन दोस्त अचानक चुप हो गया है, यह सब आपकी नज़र में रहता है। जिन पर भरोसा है उनके साथ आप मज़ाक़िया और दिल खोलकर देने वाले हैं; बाकी सबसे थोड़ा हिसाब बचाकर रखते हैं जब तक उन्हें परख न लें।
खूबियाँ: दिमाग़ तेज़ चलता है और ज़मीन से जुड़ा रहता है। कोई उलझा हुआ काम और छोटी सी मोहलत सामने रख दीजिए, चूहा वही एक रास्ता ढूँढ़ लेता है जो सचमुच चलता है। पैसे के मामले में आप संभले हुए हैं पर कंजूस नहीं, और थोड़े में ज़्यादा चला लेने की कला आपको आती है। जो दोस्त आपकी पहली चुपचाप परख पार कर लेता है, उसे उम्र भर का साथी मिल जाता है।
चुनौतियाँ: वही चौकन्नापन बेचैनी में बदल जाता है। एक छोटी सी फ़िक्र के इर्द-गिर्द आप घंटों घूमते रह सकते हैं और सीधी-सादी बात को भी ताना समझ बैठते हैं। जानकारी अपने पास रखने की आदत भी है, जो सामने वाले को छिपाव लगती है जबकि वह सिर्फ़ साथ रहना चाहता था।
काम और पैसा: जहाँ सोचने की रफ़्तार का मोल है वहीं आप चमकते हैं: ख़रीद-फ़रोख़्त, अपना छोटा कारोबार, शोध, हिसाब-किताब वाला कोई भी काम, या ऐसा काम जिसमें लोगों को पढ़ना पड़े। बचत आपसे अपने आप हो जाती है और बर्बादी से चिढ़ है, फिर भी अपनों पर खुलकर ख़र्च करते हैं। असली ख़तरा यह है कि तीन अच्छे काम एक साथ शुरू करके एक भी पूरा न करें।
प्यार और तालमेल: प्यार आप भाषण से नहीं, कामों से जताते हैं: डॉक्टर का समय ले लेना, बिल चुका देना, चुपचाप कोई मुश्किल हटा देना। साथी ऐसा चाहिए जो बातचीत में आपके साथ चल सके, क्योंकि ऊब आपको किसी झगड़े से कहीं जल्दी ठंडा कर देती है। एक बार जुड़ जाने पर आप निगरानी करने लगते हैं और थोड़ा अधिकार जताते हैं, इसलिए छोटे-छोटे इशारे जोड़ने की जगह सीधा सवाल पूछ लीजिए।
सबसे अच्छी जोड़ियाँ: आपकी असली टोली ड्रैगन और बंदर की है: ड्रैगन आपकी सधी हुई योजना को बड़ा रूप दे देता है, और बंदर आपकी रफ़्तार तथा मज़ाक़ दोनों में बराबरी करता है। बैल से दोस्ती उम्मीद से कहीं गहरी निकलती है, क्योंकि जिस ज़मीन पर आप दौड़ते हैं उसे वह थामे रखता है। घोड़े के साथ ज़रा सोचकर, क्योंकि वह चक्र में ठीक आपके सामने खड़ा है: उसे खुली सड़क और आख़िरी घड़ी के फ़ैसले चाहिए, और आपको योजना, बजट और भरी हुई अलमारी।
सलाह: पहली नज़र में जो समझ आया उस पर भरोसा रखिए, पर लोगों को उसमें थोड़ा जल्दी शामिल कीजिए। अगला काम ललचाए उससे पहले पिछला ढंग से बंद कीजिए। चूहे आराम करने में कच्चे होते हैं, जबकि आपके सबसे अच्छे विचार आराम में ही आते हैं।


